सकौती विवाद पर अशोक बालियान की अपील: सोशल मीडिया पर संयम रखें, एकता बनाए रखें

महाराजा सूरजमल प्रतिमा स्थापना विवाद के बाद बढ़ी बयानबाजी पर जताई चिंता
मुज़फ्फरनगर | 03 अप्रैल 2026
जनपद मेरठ के सकौती में महाराजा सूरजमल जी की प्रतिमा स्थापना के दौरान हुए विवाद और उसके बाद सोशल मीडिया पर चल रही बयानबाजी को लेकर पीजेंट वेलफेयर एसोसिएशन के चेयरमेन व अखिल भारतीय जाट महासभा के राष्ट्रीय सचिव अशोक बालियान ने चिंता जताई है।
उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर ऐसी किसी भी पोस्ट को साझा करने से बचना चाहिए, जिससे किसी की भावनाएं आहत हों या समाज में कटुता बढ़े। उन्होंने समाज के प्रबुद्ध वर्ग से अपील की कि वे स्थिति को सामान्य बनाए रखने के प्रयासों का समर्थन करें।
अशोक बालियान ने युवाओं से विशेष रूप से संयम बरतने और किसी भी तरह की विवादित पोस्ट से दूर रहने का अनुरोध किया। उन्होंने कहा कि आपसी मतभेद और अनावश्यक बयानबाजी समाज की एकता को कमजोर करती है।
उन्होंने 2013 के मुजफ्फरनगर दंगों का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय की परिस्थितियों ने समाज को एकजुट होने का संदेश दिया था, जिसका असर 2014 लोकसभा और 2017 विधानसभा चुनावों में देखने को मिला। हालांकि, उन्होंने चिंता जताई कि 2022 के बाद से यह एकता कमजोर पड़ती दिख रही है और 2024 के चुनावों में इसका असर और स्पष्ट हुआ।
बालियान ने कहा कि सकौती विवाद और उससे जुड़ी बयानबाजी इस विघटन को और बढ़ा रही है। उन्होंने आगाह किया कि यदि समाज इसी तरह बंटता रहा, तो इसका लाभ उन राजनीतिक शक्तियों को मिलेगा जो राष्ट्रवाद और हिंदुत्व के विरोध में खड़ी हैं।
