योगी आदित्यनाथ को भारत रत्न देने की उठी मांग फलाहारी महाराज ने नरेंद्र मोदी को लिखा पत्र, संतों का समर्थन

मथुरा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर केस के मुख्य याचिकाकर्ता दिनेश फलाहारी महाराज ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भारत रत्न देने की मांग करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखा है। पत्र में उन्होंने योगी आदित्यनाथ के कार्यों को सनातन धर्म, सामाजिक समरसता और सुशासन के लिए ऐतिहासिक बताया है।
फलाहारी महाराज ने पत्र में लिखा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने करोड़ों सनातनी हिंदुओं को सनातन धर्म की ओर प्रेरित करने, समाज को एकजुट रखने और अपराध पर कठोर कार्रवाई कर उत्तर प्रदेश में कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ किया है। उन्होंने धार्मिक क्षेत्र में प्राचीन पौराणिक स्थलों के जीर्णोद्धार, गौ-सेवा के लिए व्यापक प्रबंध, तथा महाकुंभ और माघ मेले में साधु-संतों व श्रद्धालुओं के लिए बेहतर व्यवस्थाओं का भी उल्लेख किया।
पत्र में यह भी कहा गया कि योगी आदित्यनाथ ने अपना संपूर्ण जीवन जनसेवा और राष्ट्रसेवा को समर्पित किया है और उन्होंने कभी व्यक्तिगत हित को प्राथमिकता नहीं दी। ऐसे में गोरखनाथ पीठाधीश्वर और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को भारत सरकार द्वारा भारत रत्न से सम्मानित किया जाना चाहिए, जिससे सनातन परंपरा से जुड़े लोगों का सम्मान बढ़ेगा।
संत समाज का समर्थन
बृज भूमि के अन्य साधु-संतों ने भी इस मांग का समर्थन किया है। संतों का कहना है कि योगी आदित्यनाथ के कार्यों ने धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक सुरक्षा को नई मजबूती दी है।
